माँ जानकी वैशाख शुक्ल नवमी/प्रकटोत्सव वैशाख माह शुक्ल पक्ष की नवमी तिथि को माँ सीता का प्राकट्य हुआ
माँ जानकी वैशाख शुक्ल नवमी/प्रकटोत्सव
माँ जानकी वैशाख शुक्ल नवमी/प्रकटोत्सव वैशाख माह शुक्ल पक्ष की नवमी तिथि को माँ सीता का प्राकट्य हुआ
सीता माता जी का जन्मदिन सीता नवमी माता सीता पौराणिक कथाओं में उन सशक्त स्त्रियों में गिनी जाती
खुले बाल, शोक और नकरात्मक संकेत ? अबला कच भूषन भूरि छुधा। धनहीन दुखी ममता बहुधा॥ रामचरितमानस
अक्षय फल देता है अक्षय तृतीया का व्रत अक्षय तृतीया वैशाख शुक्ल तृतीया को कहा जाता है। वैदिक
तीन परीक्षण एक बार चाणक्य का एक परिचित उनसे मिलने आया और बोला-क्या तुम जानते हो कि मैंने
महर्षि पाराशर महर्षि पाराशर शक्ति मुनि के पुत्र एवम ब्रह्म्रिशी वशिस्ठ के पौत्र थे. आपकी माता का नाम
शुकदेव जी के जन्म की कथा इनकी उत्पत्ति के सम्बन्ध में अनेक कथाएँ मिलती हैं। कहीं इन्हें व्यास
प्रतीक्षा दिसंबर माह की तीस तारीख़ की बेहद ठंडी रात. डेढ़ बज रहे थे. समय काटना बहुत ही
सत्यवादी राजा हरिश्चंद्र सत्य की चर्चा जब भी कही जाएगी, महाराजा हरिश्चन्द्र का नाम जरूर लिया जायेगा। सूर्यवंशी
जीव का अपना अपना प्रारब्ध एक गृहस्थ भक्त अपनी जीविका का आधा भाग घर में दो दिन के