मृत्युंजय गुढ़ीपड़वा से एक दिन पहले फाल्गुन अमावस्या के दिन हिंदू स्वराज्य के दूसरे छत्रपति धर्मवीर संभाजी महाराज
मृत्युंजय
मृत्युंजय गुढ़ीपड़वा से एक दिन पहले फाल्गुन अमावस्या के दिन हिंदू स्वराज्य के दूसरे छत्रपति धर्मवीर संभाजी महाराज
उभरते रंग – अँधेरे का भयंकर जाल (फिटे अंधाराचे जाळे) (पिछले दिनों एक दुखद समाचार सुनने में आया।
भगवती का स्वरूप कैसा है? नवरात्र अष्टादशभुजा पूज्या सा सहस्रभुजा सती। आयुधान्यत्र वक्ष्यन्ते दक्षिणाधःकरक्रमात् ॥ यद्यपि उनकी
नववर्ष, चैत्र शुक्ल प्रतिपदा विक्रमी संवत् 2083 (19 मार्च, 2026)” की आप सभी को अग्रिम शुभकामनाएँ। चैत्र शुक्ल
नवरात्रि :- माँ के नौ स्वरुप मां शैलपुत्री इस दिन मां शैलपुत्री की पूजा करने से चंद्रदोष से
छत्रपति संभाजी राजे और गुड़ी पड़वा छत्रपति संभाजी राजा की मृत्यु से पहले गुड़ीपड़वा का ऐतिहासिक संदर्भ
एकादशी व्रत विधि एवं प्रमाण संस्कृत शब्द एकादशी का शाब्दिक अर्थ ग्यारह होता है। एकादशी पंद्रह दिवसीय पक्ष
ऊपर एक सिलेंडर और एक बोतल दिख रही है – उनकी विशेषताएँ बोतल 750 एमएल की है और
वेदों में वाग्देवी और श्रद्धा देवी √● ऋग्वेद के अतिमहत्त्वपूर्ण सूक्तों में वाग्देवी और श्रद्धादेवी से सम्बद्ध दो
पूर्व-मीमांसा के अनुसार शब्द नित्यता में प्रमाण √●महर्षि जैमिनी ग्रन्थ के प्रयोजन का निर्देश पहले सूत्र में