मन की शक्ति हमारे पौराणिक ग्रंथ, संत वद.माय, पुरानी परंपराएं, व्रत वैकल्ये, ये सभी अनादिकाल से हमारे जीवन
मन की शक्ति
मन की शक्ति हमारे पौराणिक ग्रंथ, संत वद.माय, पुरानी परंपराएं, व्रत वैकल्ये, ये सभी अनादिकाल से हमारे जीवन
शत-शत नमन 21 नवम्बर/पुण्य-तिथि, वनांचल के ज्योतिपुंज गहिरा गुरु। मध्यप्रदेश के रायगढ़ और सरगुजा जिले में गोंड, कंवर,
हनुमान जी को पूजिए, पर वैसे बनिए भी । संसार सागर की यात्रा के लिए हमारा शरीर एक
श्री दत्त प्रसन्न हैं! यह तब हुआ जब मैं लगभग साढ़े चार साल का था। माता की नर्मदा
विलासराव देशमुख के फैसले को नीलू फुले ने बदल दिया था मराठी सिनेमा अभिनेता नीलू फुले के बिना
भाषा मनुष्य एक समय गर्म खून वाला प्राणी था। क्योंकि तब वह मठा का ठंडा पानी पीते थे।
प्रथम मास था अगहन मासानां मार्गशीर्षोऽहमृतूनां कुसुमाकरः ॥ (गीता १०-३५) आकाश में तारों के मध्य जिस मार्ग
मार्गशीर्ष (अगहन) मास माहात्म्य अगहन के महीने को माना जाता है श्री कृष्ण का प्रिय अगहन के महीने
माता-पिता को माता-पिता के माता-पिता होना चाहिए! एक दिन आता है और उनमें से एक को ले जाता
बुध प्रदोष व्रत परिचय एवं विस्तृत विधि प्रत्येक चन्द्र मास की त्रयोदशी तिथि के दिन प्रदोष व्रत रखने