
हस्त नक्षत्र के वर्षा जल से दूध को बहुत अच्छा जमावन लगकर दही बनता है, ऐसा गरुड़ पुराण में उल्लेख मिलता है। सौ. आरती बापट (निवासी हिंदळे, तहसील देवगढ़) की ‘प्रयोग सफल होने’ संबंधी व्हाट्सऐप पर पोस्ट पढ़कर हमने भी यह प्रयोग किया
और दही का स्वाद लेकर इसके सफल होने का अनुभव किया। यदि वैज्ञानिकों और अन्य अध्ययनशील लोगों द्वारा अन्य नक्षत्रों के जल की भी इसी प्रकार जांच-पड़ताल की जाए, तो और अधिक जानकारी प्राप्त हो सकती है। हमने इस प्रयोग का वैज्ञानिक परीक्षण नहीं किया है। लेकिन जब कभी जमावन उपलब्ध न हो
, तो केले का पत्ता डालकर या नींबू का रस डालकर पारंपरिक तरीके से दूध जमाया जाता है। उसी प्रकार यह भी एक तरीका होना चाहिए।
इस वर्ष सोमवार, दिनांक 27 सितंबर 2026 को सूर्य का हस्त नक्षत्र में प्रवेश हुआ है और रविवार, दिनांक 10 अक्टूबर 2026 तक सूर्य हस्त नक्षत्र में है। इसलिए वर्तमान में हस्त नक्षत्र के इस वर्षा जल को खुले और साफ स्थान पर किसी स्टूल के ऊपर सूखा और स्वच्छ चौड़ा बर्तन रखकर उसमें एकत्र किया जा सकता है। फिर उस पानी से दूध में जमावन लगाकर दही बनाने का अनुभव लिया जा सकता है।